मध्य प्रदेश के पन्ना जिले के प्रसिद्ध और खूबसूरत पर्यटन स्थल बृहस्पति कुंड में रविवार को एक बड़ा हादसा सामने आया है, जहां सेल्फी लेने के चक्कर में एक युवक की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर पर्यटन स्थलों पर आने वाले सैलानियों की सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक दावों की पोल खोलकर रख दी है। जिला कलेक्टर और शासन-प्रशासन के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद मैदानी स्तर पर सुरक्षा के कोई पुख्ता इंतजाम नजर नहीं आए, जिसके कारण एक हंसता-खेलता परिवार उजड़ गया और एक युवा की जान चली गई।
इस घटना के बाद से पन्ना जिले के इस लोकप्रिय पर्यटन स्थल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर और बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय नागरिकों और पर्यटकों के बीच इस हादसे के बाद भारी रोष व्याप्त है। आइए जानते हैं इस पूरी दुर्घटना और प्रशासनिक लापरवाही की विस्तृत दास्तान।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रविवार को पन्ना जिले के इस रमणीय लेकिन खतरनाक पर्यटन स्थल बृहस्पति कुंड पर कुछ युवक घूमने के लिए पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि लापता और डूबे हुए युवक का नाम सुखेंद्र सिंह उर्फ छोटू था, जिसकी उम्र महज 22 वर्ष थी।
सुखेंद्र सिंह अपने दो अन्य दोस्तों के साथ बृहस्पति कुंड के सबसे खतरनाक छोर पर खड़ा होकर मोबाइल फोन से सेल्फी ले रहा था। कुंड का यह हिस्सा अपनी गहराई और फिसलन भरी चट्टानों के लिए जाना जाता है। तीनों दोस्त मिलकर मोबाइल पर तस्वीरें और सेल्फी कैद करने में मग्न थे। इसी दौरान अचानक 22 वर्षीय सुखेंद्र सिंह (छोटू) का पैर फिसला और वह संतुलन खो बैठा। पैर फिसलते ही वह सीधे कुंड के असीम और गहरे पानी में जा गिरा। गनीमत यह रही कि उसके साथ मौजूद दो अन्य दोस्त किसी तरह अपनी जान बचाने में सफल रहे और कुंड में गिरने से बच गए, लेकिन वे अपने दोस्त को डूबने से नहीं बचा सके।
प्रशासनिक आदेशों की अनदेखी और सुरक्षा के अपर्याप्त इंतजाम
इस पूरी घटना ने शासन-प्रशासन और जिला कलेक्टर के उन तमाम आदेशों और दावों की पोल खोल दी है, जिनमें पर्यटकों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताने की बात कही जाती है। बृहस्पति कुंड जैसे जोखिम भरे और कुंडनुमा गहरे जल स्रोतों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होने चाहिए थे, लेकिन घटनास्थल पर ऐसा कुछ भी देखने को नहीं मिला।
इतने बड़े, संवेदनशील और जोखिम भरे पर्यटक क्षेत्र में सुरक्षा के नाम पर केवल दो आरक्षक तैनात किए गए थे। जाहिर है कि वीकेंड या छुट्टियों के दिनों में आने वाली पर्यटकों की भारी भीड़ और इतने बड़े भौगोलिक क्षेत्र को नियंत्रित करने के लिए मात्र दो आरक्षकों की तैनाती पूरी तरह से अपर्याप्त थी। सुरक्षाकर्मियों की नजर जरा सी हटी या भीड़ अधिक होने पर वे चाहकर भी हर पर्यटक पर व्यक्तिगत नजर नहीं रख पाए। सुरक्षाकर्मियों की इसी नजर हटने का नतीजा यह हुआ कि पर्यटक अपनी जान जोखिम में डालकर खतरनाक चट्टानों और छोरों तक पहुंच गए।
पहले भी हो चुके हैं ऐसे हादसे, सबक नहीं ले रहा प्रशासन
बृहस्पति कुंड पन्ना जिले का एक ऐसा पर्यटन स्थल बन चुका है जहाँ सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण पहले भी कई बार गंभीर और जानलेवा हादसे हो चुके हैं। पूर्व में हुई ऐसी दुर्घटनाओं के बाद प्रशासन द्वारा बड़े-बड़े दावे किए गए थे।
घटनाओं के बाद यह घोषणा की गई थी कि बृहस्पति कुंड परिसर में खतरनाक जगहों पर सेल्फी लेने पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया जाएगा। साथ ही, पर्यटकों को आगाह करने के लिए चेतावनी बोर्ड लगाए जाने और सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने की बात कही गई थी। लेकिन जमीनी हकीकत यह रही कि कागजी बैठकों और बयानों के अलावा जमीन पर कोई भी ठोस सुरक्षा घेरा या फेंसिंग नहीं बनाई गई। चेतावनी बोर्ड या तो नदारद थे या इतने प्रभावी नहीं थे कि पर्यटक उनसे डरकर अपनी जान जोखिम में डालने से बाज आएं।
स्थानीय नागरिकों और पर्यटकों में गहरा असंतोष
इस ताजा और दिल दहला देने वाले हादसे के बाद स्थानीय नागरिकों, प्रबुद्ध जनों और पर्यटकों में प्रशासन के प्रति भारी असंतोष और गुस्सा देखा जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते कड़े कदम उठाए होते और लापरवाही नहीं बरती होती, तो आज एक युवा की जान न जाती।
स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और पार्क व पर्यटन प्रबंधन से जोरदार मांग की है कि बृहस्पति कुंड की खतरनाक चट्टानों और किनारों पर जाकर अपनी जान जोखिम में डालने वाले तथा सेल्फी लेने की जिद करने वाले लोगों पर तत्काल और सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। लोगों का यह भी स्पष्ट कहना है कि जब तक इस पूरे परिसर में मजबूत और ऊंची फेंसिंग, पर्याप्त संख्या में सुरक्षा गार्ड और सीसीटीवी या कड़ी निगरानी जैसी पुख्ता व्यवस्थाएं सुनिश्चित नहीं की जातीं, तब तक पर्यटकों के प्रवेश पर पूरी तरह से रोक लगा दी जानी चाहिए ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को इस तरह का गम न झेलना पड़े।
image source: https://www.bhaskar.com
Continue With Google